लेखक/अल्लामा इक़बालNazmमौलिक संग्रहसारे जहाँ से अच्छाअल्लामा इक़बाल✦सारे जहाँ से अच्छा हिन्दोस्ताँ हमारा हम बुलबुलें हैं इसकी ये गुलिस्ताँ हमारा ग़ुर्बत में हों अगर हम रहता है दिल वतन में समझो वहीं हमें भी दिल हो जहाँ हमारा← अल्लामा इक़बाल की सभी रचनाएँसभी लेखक ↗